कमलेश शुक्ला प्रबंध सम्पादक
सजेती क्षेत्र के गांव सिधौल मे एक युवक दुसरे के घर मजदूरी करके अपने घर परिवार का जीवन यापन करता था लेकिन आज उसके साथ कुदरत ने इस तरह का खेल खेला की आज वो अपने परिवार को दो रोटी खिलाने लायक नही बचा है जिसका नाम राजू कोरी उम्र 35वर्ष है अब युवक का परिवार किस तरह से रहेगा उनके परिवारीजन यहीसोच कर दुखी है और उनके हाल बेहाल है
सजेती क्षेत्र के गांव सिधौल मे एक युवक दुसरे के घर मजदूरी करके अपने घर परिवार का जीवन यापन करता था लेकिन आज उसके साथ कुदरत ने इस तरह का खेल खेला की आज वो अपने परिवार को दो रोटी खिलाने लायक नही बचा है जिसका नाम राजू कोरी उम्र 35वर्ष है अब युवक का परिवार किस तरह से रहेगा उनके परिवारीजन यहीसोच कर दुखी है और उनके हाल बेहाल है
No comments:
Post a Comment